मनरेगा योजना में फर्जी हाजिरी लगा कर किया जा रहा बड़ा खेल विकास खण्ड पूरनपुर की ग्राम पंचायत अजीतपुर विल्हा का मामला।

पूरनपुर पीलीभीत
क्रांति बुलेटिन अरविन्द बर्मा
पूरनपुर पीलीभीत/ ग्राम पंचायत अजीतपुर विल्हा विकास खण्ड पूरनपुर में रामौतार के घर से राधे के खेत तक नाली, मिट्टी, इंटरलाकिंग कार्य, और राधे के घर से नन्हें के घर तक नाली, मिट्टी, इंटरलाकिंग कार्य में प्रति दिन एक ही फोटो से अलग अलग नामों से फर्जी हाजिरी रोजगार सेवक बलराम के द्वारा लगाई जा रही है।

इतना बड़ा खेल मनरेगा योजना में किन किन अधिकारी व कर्मचारियों की मिलीभगत से करवाया जा रहा है। यह जो धन का बंदर बांट किया जा रहा है ।यह सरकार का पैसा ना होकर यह आम जनता का पैसा है और जनता की गाढ़ी कमाई इस तरह लूटी जा रही है क्या जिलाधिकारी पीलीभीत, सीडियो पीलीभीत, एडीएम पीलीभीत, योगी आदित्यनाथ मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश, या खंड विकास अधिकारी पूरनपुर द्वारा जांच कराई जाएगी। सोचने वाली बात है यदि यह खेल हम यहां बैठे-बैठे देख सकते हैं तो आधिकारिक क्यों नहीं देख पा रहे हैं? या फिर अनदेखा कर रहे हैं।और यह खेल कोई जिले की एक पंचायत में नहीं चल रहा है या ना एक विकासखंड में चल रहा है पूरे जिले में चल रहा है। क्या प्रधानमंत्री मोदी जी ने मनरेगा में धन लूटने की छूट दे दी है?
आखिर में मेरा सवाल है क्या मनरेगा के धन का बंदर बांट का हिस्सा अधिकारी को मिलता है या नहीं।




